Logo
International Journal of
Academic Research and Development

Search

ARCHIVES
2025 ISSUES
VOL. 2, ISSUE 3 (2017)
बैगा जनजाति के पर्व-त्योहार-महत्व, स्वरुप एवं परिवर्तन के संदर्भ में एक अध्ययन
Authors
डाॅ0 पारूल गुप्ता, डाॅ0 अलका डेविड
Abstract
बैगा जनजाति अपने आदिम विशेषताओं के आधार पर म.प्र. में विशेष पिछड़ी जनजाति के दर्जे में आता है। नर्मदा नदी के तट पर बसे ये जनजाति अपने आपको प्रकृति पुत्र मानते हैं अपने जीवन शैली के विविधताओं के कारण ये हमेशा ही आकर्षण का केन्द्र रहें हैं।। सभ्य समाज के सम्पर्क में आने के कारण ये भले ही बदल रहें हो लेकिन आज भी इनके पर्व और त्यौहारों में अत्यधिक परिवर्तन नहीं मिला है। ये जनजाति अपने पर्व-त्यौहारों को बहुत ही हर्षोउल्लास के साथ मनाते हैं।
Download
Pages:349-350
How to cite this article:
डाॅ0 पारूल गुप्ता, डाॅ0 अलका डेविड "बैगा जनजाति के पर्व-त्योहार-महत्व, स्वरुप एवं परिवर्तन के संदर्भ में एक अध्ययन". International Journal of Academic Research and Development, Vol 2, Issue 3, 2017, Pages 349-350
Download Author Certificate

Please enter the email address corresponding to this article submission to download your certificate.